संस्‍कृतशब्‍दकोशः

संस्‍कृत-हिन्दी-आंग्ल शब्दकोश


परस्मैपदम्

परस्मैपदी धातुएँ, क्रिया का प्रकार

parasmaipada

विलोमः : आत्मनेपदम्
उदाहरणम् : पठति, पठतः, पठन्ति आदि
विवरणम् : संस्कृत धातुओं के रूप दो तरह से चलते हैं । परस्मैपद व आत्मनेपद में । कुछ धातुएँ केवल परस्मैपदी, कुछ केवल आत्मनेपदी और कुछ उभयपदी होती हैं । क्रिया का फल किसी और को प्राप्त हो तो परस्मैपदी व कर्ता को स्वयं प्राप्त हो तो आत्मनेपदी धातुओं का प्रयोग होता है ।
शब्द-भेद : धातुरूप
संस्कृत — हिन्दी

परस्मैपदम् — संस्कृतभाषायाः व्याकरणशास्त्रानुसारेण धातोः द्वयोः प्रत्ययसमूहयोः एकः यः कर्तारम् अभिधत्ते।; "नम् धातोः ति प्रत्यतेन नमति इति परस्मैपदं रूपं प्राप्यते।" (noun)